Headline
हिप्र संकट पर जयराम रमेश का तंज, कहा- मोदी की गारंटी है कांग्रेस की सरकारों को गिराओ
रेलवे जमीन के बदले नौकरी मामला : दिल्ली की अदालत ने राबड़ी देवी और उनकी दो बेटियों को दी जमानत
उप्र का ‘रामराज्य’ दलित,पिछड़े, महिला,आदिवासियों के लिए है ‘मनुराज’ : कांग्रेस
प्रधानमंत्री मोदी ने राष्ट्रीय विज्ञान दिवस पर दी वैज्ञानिक समुदाय को बधाई
तमिलनाडु : औद्योगिक विकास के लिए प्रधानमंत्री का बड़ा प्रोत्साहन, शुरू की विभिन्न परियोजनाएं
वर्ष 2030 तक दुनिया में हम तीसरी सबसे बड़ी अर्थव्यवस्था बनने वाले हैं : राष्ट्रपति मुर्मू
बिट्टु कुमार सिंह को मिला केंद्रीय विश्वविद्यालय से जनसंचार में स्नातकोत्तर की डिग्री
चंडीगढ़ महापौर चुनाव में ‘आप’ की जीत का बदला लेना चाहती है भाजपा: आतिशी
ईवीएम के खिलाफ प्रदर्शन कर रहे कांग्रेस के कई नेता गिरफ्तार

जेएनयू की दीवारों पर फिर लिखे गए विवादित नारे

नई दिल्ली, 01 अक्टूबर : जवाहरलाल नेहरू विश्वविद्यालय (जेएनयू) की दीवारों पर एक बार फिर विवादित स्लोगन लिखा पाया गया है। इस बार जेएनयू की दीवारों पर ‘भगवा जलेगा, और प्रधानमंत्री के खिलाफ विवादित नारे लिखे गए।

वहीं, ‘फ्री कश्मीर’ और ‘आईओके (भारत अधिकृत कश्मीर)’ जैसे स्लोगन लिखे गए हैं। यह स्लोगन लाल और नीले रंग से लिखे गए हैं। कई जगह फर्श पर भी नीले पेंट से ये स्लोगन लिखे गए हैं। स्लोगन जेएनयू के स्कूल ऑफ लैंग्वेज की दीवारों पर लिखे गए हैं।

हालांकि, अभी यह करतूत किसकी है, इसको लेकर जेएनयू प्रशासन की ओर से कोई आधिकारिक जानकारी नहीं दी गई है। वहीं घटना के बारे में पूछे जाने पर पुलिस के एक वरिष्ठ अधिकारी ने बताया कि इस संबंध में हमें कोई शिकायत नहीं मिली है। इसके अलावा, यह जेएनयू का आंतरिक प्रशासनिक स्टाफ का मामला है।

उल्लेखनीय है कि एक साल पहले भी जेएनयू के स्कूल ऑफ इंटरनेशनल स्टडीज की दीवारों पर ब्राह्मण और बनिया विरोधी जाति सूचक नारे लिखे गए थे। उस समय भी जेएनयू विवादों में आ गया था। इतना ही नहीं उस समय जेएनयू के कुछ शिक्षकों की नेम प्लेट पर भी कालिख पोती गई थी और उस पर भी विवादित टिप्पणियां लिखी गई थी। इसके बाद विश्वविद्यालय प्रशासन ने एक जांच कमेटी का गठन किया था, लेकिन उस कमेटी ने अपनी जांच रिपोर्ट में यह करनामा करने वाले तत्वों का खुलासा नहीं किया था।

उस समय जेएनयू की दीवारों पर ब्राह्मण बनिया भारत छोड़ो, ब्राह्मण बनिया हम आएंगे हम बदला लेंगे। इस तरह के विवादित नारे लिखे गए थे। छात्र संगठन विद्यार्थी परिषद ने वामपंथी छात्र संगठनों पर यह विवादित नारे लिखने का आरोप लगाया था। हालांकि, विश्वविद्यालय की जांच में यह पुष्टि नहीं हो पाई थी।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Back To Top