नोएडा। नोएडा के सेक्टर-150 स्थित एक आवासीय परियोजना में इंजीनियर युवराज की दर्दनाक मौत के मामले में पुलिस ने बड़ी कार्रवाई करते हुए बिल्डर अभय कुमार को गिरफ्तार कर लिया है। यह घटना उस समय सामने आई जब बेसमेंट में भरे पानी में डूबने से युवराज की जान चली गई। मामले ने तूल पकड़ने के बाद मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने स्वयं संज्ञान लिया, जिसके बाद प्रशासन और पुलिस हरकत में आई।
बेसमेंट बना मौत का कारण
प्राप्त जानकारी के अनुसार, संबंधित प्रोजेक्ट के बेसमेंट में लंबे समय से पानी भरा हुआ था। उचित जल निकासी और सुरक्षा इंतजाम न होने के चलते यह जगह खतरनाक बन चुकी थी। इसी लापरवाही का शिकार इंजीनियर युवराज हुए, जिनकी मौके पर ही मौत हो गई। घटना के बाद स्थानीय लोगों और परिजनों में भारी आक्रोश देखने को मिला।
दो बिल्डरों पर दर्ज हुआ मुकदमा
पुलिस ने प्रारंभिक जांच के आधार पर दो बिल्डरों के खिलाफ मामला दर्ज किया था। जांच में गंभीर लापरवाही और सुरक्षा मानकों के उल्लंघन के साक्ष्य मिलने के बाद मुख्य आरोपी बिल्डर अभय कुमार को गिरफ्तार कर लिया गया। पुलिस का कहना है कि अन्य आरोपी की भूमिका की भी गहन जांच की जा रही है और जल्द ही आगे की कार्रवाई संभव है।
मुख्यमंत्री के संज्ञान के बाद तेज हुई कार्रवाई
मामले की गंभीरता को देखते हुए मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने तत्काल संज्ञान लिया। इसके बाद नोएडा प्राधिकरण में भी हलचल मच गई। लापरवाही के आरोपों के चलते प्राधिकरण के सीईओ पर भी गाज गिरी और उनसे जवाब-तलब किया गया। प्रशासन ने स्पष्ट संकेत दिए हैं कि इस तरह की घटनाओं में जिम्मेदारों को किसी भी कीमत पर बख्शा नहीं जाएगा।
इस पूरे मामले ने एक बार फिर रियल एस्टेट परियोजनाओं में सुरक्षा और रखरखाव पर सवाल खड़े कर दिए हैं। प्रशासन का कहना है कि नोएडा सहित पूरे प्रदेश में बिल्डरों द्वारा सुरक्षा मानकों की अनदेखी पर कड़ी कार्रवाई की जाएगी, ताकि भविष्य में ऐसी दुखद घटनाओं की पुनरावृत्ति न हो।
इंजीनियर युवराज की मौत ने जहां एक परिवार को अपूरणीय क्षति पहुंचाई है, वहीं यह मामला सिस्टम की लापरवाही और जवाबदेही की भी कड़ी परीक्षा बन गया है। अब सबकी निगाहें आगे होने वाली जांच और न्यायिक प्रक्रिया पर टिकी हैं।