Highlights

भोपाल, 03 अक्टूबर: विपक्षी गठबंधन ‘इंडिया’ की प्रमुख घटक आम आदमी पार्टी (आप) ने मध्य प्रदेश में साल के अंत में होने वाले विधानसभा चुनाव के लिए 29 उम्मीदवारों की अपनी दूसरी सूची जारी की है।

अरविंद केजरीवाल के नेतृत्व वाली पार्टी के इस कदम ने मप्र चुनाव में विपक्षी गठबंधन ‘ इंडिया’ के एकजुट होकर काम करने की संभावनाओं को और कम कर दिया है।

कुल मिलाकर आप ने मप्र में आगामी विधानसभा चुनावों के लिए दो सूचियों के माध्यम से 39 सीटों पर प्रत्याशियों की घोषणा कर दी है। इससे पहले पिछले माह की शुरुआत में दस उम्मीदवारों की पहली सूची जारी की गई थी।

उम्मीदवारों की दूसरी सूची में भाजपा की पूर्व विधायक ममता मीणा का नाम शामिल है। मीणा गुना जिले की चाचौड़ा सीट से भाजपा द्वारा टिकट नहीं दिए जाने के बाद पिछले महीने आप में शामिल हो गयी थीं। आप ने उन्हें चाचौड़ा विधानसभा सीट से मैदान में उतारा है।

सोमवार रात आप के ‘एक्स’ अकाउंट से जारी सूची में तीन अनुसूचित जनजाति (एसटी) और चार अनुसूचित जाति (एससी) आरक्षित सीटों के लिए भी उम्मीदवारों की घोषणा की गई।

आप ने भोपाल शहर से दो उम्मीदवारों की भी घोषणा की, जिसमें मोहम्मद सऊद (भोपाल उत्तर) और रईसा बेगम मलिक (नरेला) शामिल हैं।

इंदौर जिले से तीन उम्मीदवार घोषित किये गये – सुनील चौधरी (महू), अनुराग यादव (इंदौर-1) और पीयूष जोशी (इंदौर-4)। सूची में रमणी देवी जाटव (भांडेर), राहुल कुशवाह (भिंड), सतेंद्र भदोरिया (मेहगांव), चाहत मणि पांडे (दमोह), चंदा किन्नर (मलहरा), भेरू सिंह अनारे (गंधवानी), अनूप गोयल (शिवपुरी), सुनील गौर (सिवनी-मालवा), आनंद सिंह (बरगी), पंकज पाठक (पनागर) और विजय मोहन पाल्हा (पाटन) के नाम शामिल हैं।

दिल्ली और पंजाब में सत्तारुढ़ आप ने नान सिंह नावड़े (सेंधवा), दिलीप सिंह गुड्डू (देवतालाब), वरुण अंबेडकर (मनगवां), उमेश त्रिपाठी (मऊगंज), वरुण गुर्जर खटीक (रायगांव), उषा कोल (मानपुर), रतिभान साकेत (देवसर), आनंद मंगल सिंह (सीधी), अमित भटनागर (बिजावर), भागीरथ पटेल (छतरपुर), सुबोध स्वामी (नागदा-खाचरौद) और दीपक सिंह पटेल (रीवा) को भी मैदान में उतारा है।

मध्य प्रदेश में सत्तारूढ़ भाजपा ने अब तक तीन अलग-अलग सूचियों में 79 उम्मीदवारों की घोषणा की है, जबकि कांग्रेस ने अब तक उम्मीदवारों की कोई सूची जारी नहीं की है।

विपक्षी गठबंधन ‘ इंडिया ‘ के दो प्रमुख सदस्य आप और कांग्रेस ने अभी तक यह तय नहीं किया है कि वे मप्र चुनाव में गठबंधन सहयोगी के रूप में चुनाव लड़ेंगे या नहीं।

पिछले महीने दिल्ली में एक बैठक के बाद, इंडिया गठबंधन ने अक्टूबर के पहले सप्ताह में भोपाल में एक संयुक्त रैली की घोषणा की थी, लेकिन मप्र कांग्रेस प्रमुख कमलनाथ ने बाद में कहा कि इसे रद्द कर दिया गया है।

वर्ष 2018 में हुए पिछले विधानसभा चुनाव में कांग्रेस ने 230 सदस्यीय विधानसभा में 114 सीटें जीती थीं और गठबंधन सरकार बनाई थी। भाजपा ने 109 सीटें जीती थीं। मार्च 2020 में कमलनाथ के नेतृत्व वाली कांग्रेस सरकार गिर गई, जिसके बाद भाजपा सत्ता में लौट आई और शिवराज सिंह चौहान चौथी बार मुख्यमंत्री बने।

Rajnish Pandey
A media professional with experience in print and digital journalism, handling news editing and content management with a focus on accuracy and responsible reporting.

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *