पटना, 30 सितंबर: बिहार के उप मुख्यमंत्री तेजस्वी यादव ने शनिवार को इन आरोपों को खारिज कर दिया कि हाल में ‘ठाकुरों’ का राज्यसभा में उनके करीबी मनोज झा ने अपमान किया था। उन्होंने दिल्ली से झा के लौटने पर उनका बचाव करते हुए संवाददाताओं से कहा कि राष्ट्रीय जनता दल (राजद) का भाजपा की तुलना में ठाकुरों से अधिक जुड़ाव है।

तेजस्वी ने झा के खिलाफ कुछ भाजपा विधायकों के बयानों को लेकर उनकी कड़ी आलोचना की। राज्यसभा सदस्य झा पिछले सप्ताह उच्च सदन में महिला आरक्षण विधेयक पर चर्चा के दौरान अपने भाषण को लेकर विवाद में घिर गये हैं। राजद सांसद और पार्टी के राष्ट्रीय प्रवक्ता ने समाज के कमजोर तबके की महिलाओं के लिए अलग आरक्षण की मांग की थी।

तेजस्वी ने कहा, ”राज्य विधानमंडल के दोनों सदनों में हमारे सदस्यों में, भाजपा की तुलना में अधिक राजपूत (बिहार में ठाकुर कहे जाने वाले) हैं। हमने पूर्व प्रधानमंत्री वीपी सिंह को उनमें शामिल किया है, जिन्हें हम अपना आदर्श मानते हैं। राजद के संस्थापकों में दिवंगत रघुवंश प्रसाद सिंह शामिल थे, जिन्होंने केंद्रीय मंत्री के रूप में अपने कार्यकाल के दौरान मनरेगा की शुरुआत की थी। ऐसी विरासत किसी अन्य पार्टी के पास नहीं है।”

झा ने दलित लेखक ओमप्रकाश वाल्मीकि की एक कविता ‘ठाकुर का कुआं’ की पंक्तियों को राज्यसभा में पढ़ा था और कहा, ”हम सबके अंदर एक ठाकुर हैं, जिनसे हमें छुटकारा पाना होगा।”

इसके बाद, बिहार में कई राजनीतिक नेताओं ने आरोप लगाया कि झा, जो ब्राह्मण हैं, ने जानबूझ कर समुदाय (ठाकुरों) को निशाना बनाया है।

भाजपा ने इस सप्ताह की शुरूआत में विरोध-प्रदर्शन किया और तेजस्वी तथा उनके पिता एवं राजद प्रमुख लालू प्रसाद का पुतला फूंका। वहीं, राजद के युवा विधायक चेतन आनंद, झा के भाषण पर अपनी आपत्ति जताने के लिए लोगों के बीच गए।

राज्य विधानसभा में राजद के नेता तेजस्वी ने कहा कि आनंद को पार्टी मंच पर अपनी चिंता जाहिर करनी चाहिए, ना कि सोशल मीडिया में। उन्होंने कहा, ”मैं उनसे बात करूंगा।”

उन्होंने झा को एक विद्वान व्यक्ति बताया जो दिल्ली विश्वविद्यालय में अध्यापन करते हैं और उन्हें सर्वश्रेष्ठ सांसद का पुरस्कार भी मिला है। तेजस्वी ने ‘शब्दों को संदर्भ से हटा कर पेश करने के लिए’ भाजपा की आलोचना की।

उन्होंने कहा, ”यह (भाजपा का प्रदर्शन) ठीक वैसा ही है जैसा कि उसने 2020 के विधानसभा चुनाव के दौरान मेरे मामले में करते हुए आरोप लगाया था कि मैंने बिहार में भ्रष्टाचार के लिए बाबुओं (नौकरशाही) को जिम्मेदार ठहराया है।”

बिहार में ‘बाबू साहेब’ शब्द का अर्थ अक्सर राजपूतों के संदर्भ में किया जाता है।

झा को शारीरिक नुकसान पहुंचाने की कथित धमकी से जुड़े कुछ भाजपा विधायकों के बयानों की आलोचना करते हुए तेजस्वी ने कहा, ”यदि मेरी पार्टी के नेताओं ने ऐसा व्यवहार किया होता तो हमने उनकी खिंचाई की होती। लेकिन ऐसा लगता है कि भाजपा के लिए मीडिया ने एक अलग मानक रखा हुआ है।”

राजद नेता ने आरोप लगाया, ”उनके (भाजपा के) सांसद रमेश बिधूड़ी ने बसपा सदस्य दानिश अली के खिलाफ संसद के अंदर कई अपशब्द कहे थे। लेकिन हमने इस तरह का रोष उत्पन्न होते नहीं देखा।”

Rajnish Pandey
A media professional with experience in print and digital journalism, handling news editing and content management with a focus on accuracy and responsible reporting.

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