नई दिल्ली, 09 अप्रैल: दिल्ली की मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने इंद्रप्रस्थ महिला महाविद्यालय (आईपी कॉलेज) पहुंचीं। यहां उन्होंने कुछ अनुभव, भावुक कहानी और कॉलेज की खासियत पर बात की। मुख्यमंत्री ने कहा कि आईपी कॉलेज ने देश की कई बेटियों को ऐसा मंच दिया, जिन्होंने पूरे देश का नाम रोशन किया। उन्होंने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के ‘बेटी बचाओ, बेटी पढ़ाओ’ नारे में ‘बेटी बढ़ाओ’ जोड़कर इसे नया रूप दिया।

रेखा गुप्ता ने बताया कि उनके पास कई कॉलेजों के निमंत्रण आए, लेकिन उन्होंने आईपी कॉलेज को चुना, क्योंकि यह 100 साल का ऐतिहासिक पड़ाव है। उन्होंने कहा, “यहां से निकलीं ढेर सारी लड़कियां आज देश का नाम ऊंचा कर रही हैं। देश के कोने-कोने से छात्राएं सपनों के साथ यहां आती हैं।”

अपने छात्र जीवन को याद करते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि जब वे दिल्ली यूनिवर्सिटी स्टूडेंट यूनियन की अध्यक्ष थीं, तब भी वे इस कॉलेज में आती थीं। उन्होंने बताया, “1996 में उनके कार्यकाल के दौरान ही कॉमन एडमिशन फॉर्म शुरू हुआ था, जिससे पहले हर कॉलेज के लिए अलग-अलग फॉर्म भरने पड़ते थे। यहां छात्राएं को-एड कॉलेज की छात्राओं से ज्यादा निडर और आजाद होती हैं। यह जिंदगी का ऐसा समय है, जो हमेशा याद रहता है।”

रेखा गुप्ता ने कॉलेज के स्वतंत्रता संग्राम से जुड़े इतिहास का जिक्र करते हुए सुचेता कृपलानी का उदाहरण दिया। बोलीं, “वह देश की पहली महिला मुख्यमंत्री बनीं और आज मैं इस मुकाम पर हूं। यह सफर लंबा और प्रेरणादायक है।”

उन्होंने “बेटी बचाओ, बेटी पढ़ाओ” के नारे को आगे बढ़ाते हुए “बेटी बढ़ाओ” का आह्वान किया। एक भावुक कहानी साझा की। बोलीं, “मैंने एक कहानी सुनी थी जिसमें एक मां ने अपनी नवजात बेटी को ठंड में छत पर छोड़ दिया था, लेकिन वह बच्ची जिंदा रही। इस घटना ने मुझे प्रेरित किया। सोचने पर मजबूर किया कि अगर एक दिन की बच्ची हार नहीं मानती, तो मैं संघर्ष कैसे छोड़ सकती हूं?” उन्होंने कहा, “मेरी मां ने मेरा साथ दिया, तभी मैं आज यहां हूं। बेटियों को कभी हार नहीं माननी चाहिए।”

मुख्यमंत्री ने छात्राओं से कहा कि अगर वह चार बहनों वाले साधारण परिवार से निकलकर दिल्ली की मुख्यमंत्री बन सकती हैं, तो हर छात्रा कुछ भी हासिल कर सकती है। उन्होंने कहा, “आपको तय करना है कि आप कहां पहुंचना चाहती हैं। कोई सुनीता विलियम्स की जगह ले सकती है, तो कोई राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू की। बस ठान लीजिए, कोई बाधा आपको रोक नहीं सकती।”

उन्होंने दिल्ली के विकास को भारत के विकास से जोड़ा और कहा कि दिल्ली सरकार आईपी कॉलेज के साथ मिलकर कई परियोजनाएं शुरू करेगी। दिल्ली को नई ऊंचाइयों पर ले जाने में आप सभी की भूमिका होगी। यह नया अध्याय हम सब मिलकर लिखेंगे। रेखा गुप्ता ने छात्राओं को संदेश दिया, “यह जीवन सिर्फ अपने लिए नहीं, देश के लिए भी जीना है। आपके पास ढेर सारी संभावनाएं हैं। जब आप कुछ ठान लेती हैं, तो कोई ताकत आपको रोक नहीं सकती।”

Rajnish Pandey
A media professional with experience in print and digital journalism, handling news editing and content management with a focus on accuracy and responsible reporting.

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