नई दिल्ली। दिल्ली के पीरागढ़ी इलाके में कार के अंदर दो पुरुष और एक महिला के शव मिलने से सनसनी फैल गई है। इस कथित सामूहिक आत्महत्या मामले की जांच कर रही दिल्ली पुलिस ने अब एक ऐसे व्यक्ति की पहचान कर ली है, जो घटना से ठीक पहले मृतकों के साथ कार में बैठा था। सीसीटीवी फुटेज में यह व्यक्ति ‘बाबा’ के वेश में नजर आ रहा है, जिसे पुलिस इस रहस्यमय मामले की अहम कड़ी मान रही है।
पुलिस अधिकारियों के अनुसार, इलाके में लगे सीसीटीवी कैमरों की जांच में साफ तौर पर देखा गया है कि यह ‘बाबा’ घटना वाले दिन मृतकों से मिला था और कुछ समय तक उसी कार में मौजूद रहा। फिलहाल पुलिस उसकी भूमिका की गहनता से जांच कर रही है। हालांकि, मौत के वास्तविक कारणों की पुष्टि फोरेंसिक जांच और पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद ही हो सकेगी।
पुलिस को रविवार अपराह्न करीब 3:50 बजे पुलिस नियंत्रण कक्ष में एक कॉल प्राप्त हुई, जिसमें सूचना दी गई कि पीरागढ़ी फ्लाईओवर के पास एक कार खड़ी है, जिसके दरवाजे बंद हैं और अंदर बैठे लोग किसी भी तरह की प्रतिक्रिया नहीं दे रहे हैं। सूचना मिलते ही पुलिस टीम मौके पर पहुंची, जहां कार के अंदर तीनों लोग मृत पाए गए।
जांच में सामने आया है कि पुलिस को सूचना मिलने से पहले कार करीब 50 मिनट तक उसी स्थान पर खड़ी थी। मृतकों की पहचान बापरोला निवासी रणधीर (76 वर्ष), शिव नरेश सिंह (47 वर्ष) और जहांगीरपुरी निवासी लक्ष्मी देवी (40 वर्ष) के रूप में हुई है। पुलिस के मुताबिक, तीनों मूल रूप से बिहार के निवासी थे।
प्रारंभिक जांच में संकेत मिल रहे हैं कि यह मामला आत्महत्या का हो सकता है। आशंका जताई जा रही है कि तीनों ने जहर मिला शीतल पेय पीकर जान दी। हालांकि पुलिस इस निष्कर्ष पर अभी पूरी तरह नहीं पहुंची है और सभी पहलुओं की जांच की जा रही है।
पुलिस अधिकारियों का कहना है कि ‘बाबा’ के वेश में दिखाई दे रहे व्यक्ति की भूमिका बेहद महत्वपूर्ण हो सकती है। यह पता लगाने की कोशिश की जा रही है कि उसने मृतकों से क्यों मुलाकात की, कार में कितनी देर बैठा और क्या वह किसी साजिश या उकसावे से जुड़ा हुआ था।
फिलहाल, पीरागढ़ी की यह घटना कई सवाल खड़े कर रही है। पुलिस को उम्मीद है कि पोस्टमार्टम रिपोर्ट और फोरेंसिक जांच के नतीजों के बाद इस रहस्य से पर्दा उठ सकेगा और सच सामने आएगा।