नई दिल्ली, 12 दिसंबर: लोकसभा में विपक्ष के नेता राहुल गांधी की अध्यक्षता में शुक्रवार को कांग्रेस सांसदों की बैठक आयोजित की गई, लेकिन इस बैठक में एक बार फिर सांसद शशि थरूर अनुपस्थित रहे। यह लगातार तीसरी बार है जब पार्टी की इस अहम रणनीतिक बैठक में थरूर ने हिस्सा नहीं लिया।
बैठक में मौजूदा राजनीतिक हालात, संसद में सरकार को घेरने की रणनीति और विपक्षी एकता जैसे मुद्दों पर चर्चा हुई। हालांकि थरूर की गैरमौजूदगी ने कांग्रेस के भीतर नई राजनीतिक सरगर्मियों को जन्म दे दिया है। पार्टी के वरिष्ठ नेताओं के बीच यह सवाल उठने लगा है कि क्या थरूर किसी असहमति या असंतोष का संकेत दे रहे हैं।
सूत्रों के मुताबिक, बैठक में शामिल कई सांसदों ने उनकी लगातार अनुपस्थिति को गंभीरता से लिया है। पार्टी नेतृत्व भी इस पर नजर बनाए हुए है, हालांकि आधिकारिक तौर पर कोई बयान नहीं दिया गया है।
कांग्रेस के अंदरूनी सूत्रों का कहना है कि जल्द ही इस मुद्दे पर थरूर से बातचीत की जा सकती है, ताकि स्थिति स्पष्ट हो सके। वहीं, थरूर की तरफ से उनकी अनुपस्थिति को लेकर कोई सार्वजनिक टिप्पणी नहीं की गई है।
बैठक में बाकी सांसदों ने संसद सत्र के दौरान सरकार की नीतियों को लेकर आक्रामक रुख अपनाने पर सहमति जताई।