नई दिल्ली, 28 मार्च: उद्योगपति गौतम अडाणी नीत समूह ने गुजरात के मुंद्रा में दुनिया के सबसे बड़े एकल-स्थान तांबा विनिर्माण संयंत्र का पहला चरण शुरू करने की बृहस्पतिवार को घोषणा की। कच्छ कॉपर, समूह की प्रमुख कंपनी अडाणी एंटरप्राइजेज लिमिटेड की अनुषंगी कंपनी है। कंपनी ने एक बयान में कहा, ‘‘ग्राहकों को कैथोड की पहली खेप भेजकर ग्रीनफील्ड कॉपर रिफाइनरी के पहले चरण का (लागत 1.2 अरब डॉलर में) परिचालन शुरू किया गया।’’ बयान के अनुसार, सुविधा के पहले चरण का संचालन शुरू हो गया है। इसमें प्रति वर्ष पांच लाख टन परिष्कृत तांबे का उत्पादन होगा। वित्त वर्ष 2029 (मार्च 2029) तक इसके पूरी तरह चालू होने पर 10 लाख टन तांबे का उत्पादन करने की उम्मीद है। भारत, चीन और अन्य देशों की सूची में शामिल हो गया है जो तेजी से तांबे का उत्पादन बढ़ा रहे हैं। यह जीवाश्म ईंधन का इस्तेमाल कम करने के लिए महत्वपूर्ण धातु है। ऊर्जा बदलाव के लिए महत्वपूर्ण प्रौद्योगिकियों जैसे इलेक्ट्रिक वाहन (ईवी), चार्जिंग इंफ्रास्ट्रक्चर, सौर फोटोवोल्टिक्स (पीवी), पवन और बैटरी सभी में तांबे की आवश्यकता होती है। अडाणी एंटरप्राइजेज दो चरणों में 10 लाख टन क्षमता का संयंत्र लगा रही है। अडाणी समूह के चेयरमैन गौतम अडाणी ने कहा, ‘‘कच्छ कॉपर (तांबा संयंत्र) का परिचालन शुरू होने के साथ अडाणी समूह न केवल धातु क्षेत्र में प्रवेश कर रहा है, बल्कि भारत को एक स्थायी तथा आत्मनिर्भर भविष्य की ओर ले जा रहा है।’’ उन्होंने कहा, ‘‘इस महत्वाकांक्षी, भव्य-आकार की परियोजना को पूरा करने की हमारी गति भारत को वैश्विक तांबा क्षेत्र में अग्रणी बनाने की हमारी प्रतिबद्धता को रेखांकित करती है। हमारा मानना है कि घरेलू तांबा उद्योग परिपक्व पर्यावरणीय प्रबंधन के साथ हमारे हरित बुनियादी ढांचे को मजबूत करके 2070 तक हमारे देश के कार्बन तटस्थता के लक्ष्य को प्राप्त करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगा। चालू होने पर हमारा आधुनिक ‘स्मेल्टर’ नवीन हरित प्रौद्योगिकी पर अधिक जोर देने के साथ, तांबे के उत्पादन में नए मानक स्थापित करेगा।’’ कंपनी के अनुसार, ‘‘ग्रीनफील्ड इकाई की सफल प्रगति अडाणी समूह की बड़े पैमाने की परियोजनाओं की योजना बनाने और उन्हें क्रियान्वित करने की क्षमता को दर्शाती है। कच्छ कॉपर दूसरा चरण पूरा होने पर 10 लाख टन वार्षिक क्षमता के साथ, दुनिया का सबसे बड़ा एकल-स्थान ‘कस्टम स्मेल्टर’ होगा।’’ इससे रोजगार के 2,000 प्रत्यक्ष तथा 5,000 अप्रत्यक्ष अवसर उत्पन्न होंगे। भारत में प्रति व्यक्ति तांबे की खपत करीब 0.6 किलोग्राम अनुमानित है, जबकि वैश्विक औसत 3.2 किलोग्राम है।
शेयर बाजार में मजबूत शुरुआत, सेंसेक्स 316 अंक उछला
नई दिल्ली, 28 मार्च: हफ्ते के चौथे दिन गुरुवार को शेयर बाजार में हरे निशान पर कारोबार की शुरुआत हुईै। बॉम्बे स्टॉक एक्सचेंज (बीएसई) का सेंसेक्स 316.23 अंक यानी 0.43 फीसदी उछलकर 73,312.55 के स्तर पर ट्रेंड कर रहा है। नेशनल स्टॉक एक्सचेंज (एनएसई) का निफ्टी भी 130.75 अंक यानी 0.59 की बढ़त के साथ 22,257.40 के स्तर पर कारोबार कर रहा है। शेयर बाजार में शुरुआती कारोबार में सेंसेक्स के 30 शेयरों में से 22 शेयर में तेजी और आठ शेयरों में गिरावट देखने को मिल रही है। अधिकतर एशियाई बाजारों में गिरावट के रुझानों के बीच घरेलू शेयर बाजार में आज मजबूत शुरुआत दिख रही है। घरेलू इक्विटी बेंचमार्क इंडेक्स सेंसेक्स और निफ्टी में तेजी जारी है। आज के कारोबार में बीएसई पर सूचीबद्ध कंपनियों का बाजार पूंजीकरण मार्केट कैप 1.75 लाख करोड़ रुपये बढ़ा है, जिससे निवेशकों को फायदा हुआ है। उल्लेखनीय है कि एक दिन पहले बीएसई का सेंसेक्स 526.02 अंक यानी 0.73 फीसदी की उछाल के साथ 72,996.31 अंक पर बंद हुआ, जबकि एनएसई का निफ्टी 118.95 अंक यानी 0.54 बढ़कर 22,123.65 पर बंद हुआ था।
पल्लवी श्रॉफ का एशियन पेंट्स के स्वतंत्र निदेशक के रूप में दूसरे कार्यकाल से इनकार
नई दिल्ली, 27 मार्च: प्रमुख विधि कंपनी शार्दुल अमरचंद मंगलदास एंड कंपनी की प्रबंधकीय भागीदार पल्लवी श्रॉफ ने एशियन पेंट्स की स्वतंत्र निदेशक के तौर पर दूसरा कार्यकाल लेने से मना कर दिया है। उन्होंने यह फैसला एक प्रॉक्सी कंपनी द्वारा इस संबंध में चिंता जताए जाने के बीच लिया है। श्रॉफ ने एशियन पेंट्स के निदेशक मंडल को बता दिया है कि वह “कंपनी में स्वतंत्र निदेशक के रूप में दूसरे कार्यकाल के लिए तैयार नहीं हैं, क्योंकि उनकी फर्म ने कई नई परियोजनाएं अपने हाथ में ली हैं।” अग्रणी पेंट निर्माता कंपनी ने हाल ही में शेयर बाजार को भेजी सूचना में कहा था कि श्रॉफ ने स्वतंत्र निदेशक पद का दूसरा कार्यकाल नहीं लेने के लिए इसके अलावा कोई अन्य वजह नहीं बताई है। इससे पहले, एशियन पेंट्स के निदेशक मंडल ने एक अप्रैल, 2024 से 31 मार्च, 2026 तक दो साल के दूसरे कार्यकाल के लिए स्वतंत्र निदेशक के रूप में पल्लवी श्रॉफ की पुनर्नियुक्ति को मंजूरी दी थी। कंपनी ने श्रॉफ की दोबारा नियुक्ति के उद्देश्य से अपने शेयरधारकों से मंजूरी लेने के लिए 17 जनवरी, 2024 को एक पोस्टल बैलेट नोटिस भी जारी किया। ई-वोटिंग 28 फरवरी को शुरू हो चुकी थी और 28 मार्च को समाप्त होने वाली थी। हालांकि, इसमें कहा गया कि एशियन पेंट्स के बोर्ड ने पोस्टल बैलेट प्रक्रिया की उक्त सूचना को तत्काल प्रभाव से वापस लेने का निर्णय लिया है। इससे पहले एक प्रॉक्सी सलाहकार कंपनी इनगवर्न ने चिंता जताते हुए कहा था कि “शेयरधारक उनकी पुनर्नियुक्ति के खिलाफ मतदान करें।” इस बारे में श्रॉफ से ई-मेल के जरिये पूछा गया, लेकिन खबर लिखे जाने तक उनकी कोई प्रतिक्रिया नहीं मिली थी।
कोका-कोला की सबसे बड़ी ‘बॉटलिंग’ कंपनी एसएलएमजी ने कॉस्टिन मैन्ड्रेया को सीईओ नियुक्त किया
नई दिल्ली, 27 मार्च : पेय पदार्थ बनाने वाली कंपनी कोका-कोला की भारत और दक्षिण-पश्चिम एशिया में सबसे बड़ी ‘बॉटलर’ एसएलएमजी ग्रुप ने अपने कोका-कोला परिचालन के लिए कॉस्टिन मैन्ड्रेया को मुख्य कार्यपालक अधिकारी (सीईओ) नियुक्त किया है। कंपनी ने बुधवार को बयान में कहा कि मैन्ड्रेया ने पश्चिमी और मध्य यूरोप, रूस और जापान में कोका-कोला ‘बॉटलिंग’ व्यवस्था में प्रमुख पदों पर काम किया है। मैन्ड्रेया को पेय पदार्थ उद्योग में काम करने का 25 साल से ज्यादा का अनुभव है। बयान के अनुसार, एसएलएमजी समूह का बाजार मूल्यांकन 7,000 करोड़ रुपये है। कंपनी कोका-कोला से तीन दशक से ज्यादा समय से जुड़ी हुई है। इसके पास कोका-कोला के लिए उत्तर प्रदेश और उत्तराखंड में कार्बोनेटेड शीतल पेय, जूस और पैकिंग वाले पेयजल सहित विभिन्न उत्पादों के उत्पादन और वितरण के लिए बॉटलिंग फ्रेंचाइजी है।
टाटा पैसेंजर इलेक्ट्रिक मोबिलिटी ने चार्जिंग स्टेशन लगाने को एचपीसीएल के साथ किया गठजोड़
नई दिल्ली, 27 मार्च : टाटा पैसेंजर इलेक्ट्रिक मोबिलिटी ने इस साल के अंत तक देशभर में 5,000 सार्वजनिक चार्जिंग स्टेशन स्थापित करने के लिए हिंदुस्तान पेट्रोलियम कॉरपोरेशन लिमिटेड के साथ गठजोड़ किया है। टाटा मोटर्स की इकाई टाटा पैसेंजर इलेक्ट्रिक मोबिलिटी (टीपीईएम) ने बुधवार को बयान में कहा कि इस गठजोड़ के तहत एचपीसीएल के पेट्रोल पंप पर चार्जिंग स्टेशन लगाये जाएंगे। ये स्टेशन उन स्थानों पर लगाये जाएंगे जहां 1.2 लाख से अधिक टाटा इलेक्ट्रिक वाहनों के मालिक प्राय: आते हैं। दोनों संस्थाओं ने इस संबंध में एक समझौता ज्ञापन पर हस्ताक्षर किये हैं। कंपनियां सह-ब्रांडेड आरएफआईडी कार्ड के माध्यम से एक सुविधाजनक भुगतान प्रणाली शुरू करने की संभावना भी टटोल रही हैं। एचपीसीएल के पास 21,500 से अधिक पेट्रोल पंप का नेटवर्क है। कंपनी का दिसंबर, 2024 तक 5,000 इलेक्ट्रिक वाहन चार्जिंग स्टेशन स्थापित करने का लक्ष्य है। टीपीईएम के मुख्य रणनीति अधिकारी बालाजी राजन ने कहा, ”एचपीसीएल के साथ यह रणनीतिक साझेदारी भारत के ईवी परिवेश को आगे बढ़ाने की हमारी प्रतिबद्धता को दर्शाती है। इसमें चार्जिंग बुनियादी ढांचा महत्वपूर्ण है। इलेक्ट्रिक वाहनों के ग्राहकों का आधार बढ़ाने के लिए बुनियादी ढांचे का विकास जरूरी है।”
नियमों का अनुपालन नहीं करने पर पेटीएम के खिलाफ कार्रवाई, हमारी व्यवस्था दुरुस्त: आरबीआई
मुंबई, 08 फरवरी: भारतीय रिजर्व बैंक (आरबीआई) के गवर्नर शक्तिकांत दास ने बृहस्पतिवार को कहा कि पेटीएम मामले में व्यवस्था के स्तर पर चिंता की कोई बात नहीं है और भुगतान बैंक पर कार्रवाई नियमों का अनुपालन नहीं करने के कारण हुई है। दास ने कहा कि आरबीआई एक जिम्मेदार नियामक है। उन्होंने सवालिया लहजे में पूछा कि अगर आरबीआई के दायरे में आने वाले वित्तीय संस्थान सभी जरूरतों को पूरा करते हैं, तो केंद्रीय बैंक को किसी इकाई के खिलाफ कार्रवाई करने की क्या जरूरत है। उन्होंने कहा, ”आरबीआई द्विपक्षीय आधार पर संस्थाओं के साथ काम करता है। उन्हें पर्याप्त समय देकर नियमों के अनुपालन के लिए प्रोत्साहित करता है। निगरानी स्तर पर कार्रवाई तभी की जाती है, जब संबंधित इकाई द्वारा जरूरी कदम नहीं उठाए जाते।” दास ने कहा, ”जब विनियमित इकाई (बैंक और एनबीएफसी) प्रभावी कार्रवाई नहीं करती है, तो हम कामकाज पर प्रतिबंध लगाने के लिए कदम उठाते हैं।” उन्होंने कहा कि कार्रवाई व्यवस्था के स्तर पर स्थिरता या जमाकर्ता अथवा ग्राहकों के हितों की सुरक्षा को ध्यान में रखकर की गयी है। गवर्नर दास ने वित्तीय क्षेत्र में नवोन्मेष को बढ़ावा देने के लिए केंद्रीय बैंक की प्रतिबद्धता दोहरायी। उन्होंन कहा कि इसमें ‘कोई संदेह’ नहीं होना चाहिए। उन्होंने कहा कि आरबीआई को व्यापक स्तर पर लोगों से प्रतिक्रिया मिली हैं। केंद्रीय बैंक चिंताओं को दूर करने के लिए अगले सप्ताह एफएक्यू (अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न) जारी करेगा। आरबीआई के डिप्टी गवर्नर स्वामीनाथन जे ने कहा कि वित्तीय प्रौद्योगिकी (फिनटेक) के खिलाफ कार्रवाई लगातार नियमों का अनुपालन नहीं करने के कारण की गयी है।
नए साल पर पहली बड़ी खुशी, कमर्शियल गैस सिलेंडर हुआ सस्ता
नई दिल्ली, 01 जनवरी: नए साल-2024 के पहले दिन कमर्शियल गैस सिलेंडर के मूल्य में कटौती की गई है। सार्वजनिक क्षेत्र की तेल एवं विपणन कंपनियों ने बड़ी राहत देते हुए 19 किलोग्राम वाले कमर्शियल गैस सिलेंडर की कीमत में 1.50 रुपये से लेकर 4.50 रुपये तक की कटौती की है। नई दरें आज (सोमवार) से लागू हो गई हैं। इंडियन ऑयल कॉर्पोरेशन लिमिटेड (आईओसीएल) की वेबसाइट के मुताबिक अब राजधानी दिल्ली में 19 किलोग्राम वाले गैस सिलेंडर की कीमत 1.50 रुपये घटकर 1755.50 रुपये हो गई है। मुंबई में इसका दाम 1.50 रुपया सस्ता होकर 1708.50 रुपये हो गया है। चेन्नई में सबसे ज्यादा 4.50 रुपये घटकर इसकी कीमत 1924.50 रुपये हो गई है। कोलकाता में इसकी कीमत 50 पैसे की मामूली बढ़त के साथ 1869 रुपए हो गई है। उल्लेखनीय है कि इससे पहले तेल कंपनियों ने 22 दिसंबर, 2023 को 19 किलोग्राम वाले कमर्शियल गैस सिलेंडर की कीमत में 39.50 रुपये तक की कटौती की थी। हालांकि, 14.2 किलोग्राम वाले घरेलू रसोई गैस सिलेंडरों के दाम में कोई कटौती नहीं की गई है। दिल्ली में अभी यह 903 रुपये में मिल रहा है।
नीता अंबानी को ग्लोबल लीडरशिप अवॉर्ड
नई दिल्ली, 30 अक्टूबर: रिलायंस फाउंडेशन की फाउंडर एवं चेयरपर्सन नीता अंबानी को ग्लोबल लीडरशिप अवार्ड से सम्मानित किया गया है। यूएस इंडिया स्ट्रैटेजिक पार्टनरशिप फोरम (यूएसआईएसपीएफ) द्वारा दिल्ली में आयोजित एक समारोह में फोरम के अध्यक्ष जॉन चैंबर्स ने नीता अंबानी को अवार्ड दिया। कार्यक्रम में भारत सरकार के शीर्ष अधिकारी और बिजनेस लीडर्स शामिल थे। श्रीमती अंबानी ने कहा, “मैं पुरस्कार पाकर बेहद सम्मानित महसूस कर रही हूं। मैं रिलायंस फाउंडेशन का प्रतिनिधित्व करती हूं, जिसके जरिए हमने 7 करोड़ 10 लाख से अधिक लोगों के जीवन को छुआ है। ‘कॉर्पोरेट सोशल रिस्पॉन्सिबिलिटी’ के मानक बनने से बहुत पहले, रिलायंस ‘कॉर्पोरेट मोरल रिस्पॉन्सिबिलिटी’ को पूरा करती आ रही है।“ यूएस इंडिया स्ट्रैटेजिक पार्टनरशिप फोरम ने वक्तव्य जारी कर बताया कि नीता अंबानी सामाजिक कार्यों में बढ़चढ़ कर हिस्सा लेने वाली एक बिजनेस लीडर हैं, जिनके नेतृत्व में रिलायंस फाउंडेशन ने शिक्षा, कला, खेल और स्वास्थ्य सेवा के माध्यम से लाखों भारतीयों के जीवन को प्रभावित किया है। उनका काम विशेष रूप से महिला सशक्तिकरण और बच्चों के हितों के लिए होता है। लिंग विभाजन को पाटने और भारत की बढ़ती अर्थव्यवस्था में महिलाओं के योगदान को बढ़ाने में उनकी महत्वपूर्ण भूमिका है। कला और संस्कृति में नीता एम. अंबानी के महत्वपूर्ण योगदान को हाल ही में मान्यता मिली जब वह मेट्रोपॉलिटन म्यूजियम ऑफ आर्ट, न्यूयॉर्क के बोर्ड में मानद ट्रस्टी के रूप में चुनी गईं। पिछले वर्ष, नीता मुकेश अंबानी कल्चरल सेंटर (एनएमएसीसी) मुंबई में खोला गया, जिसे काफी सराहना मिली। रिलायंस फाउंडेशन ने खलों के लिए भी बेहतरीन काम किया है। भारत में युवा एथलीटों को जमीनी स्तर पर और साथ ही वैश्विक स्तर पर चमकाने में फाउंडेशन ने सहायता की है। अंतर्राष्ट्रीय ओलंपिक समिति (आईओसी) में भारत के प्रतिनिधि के रूप में नीता अंबानी ने भारतीय प्रतिनिधिमंडल का सफलतापूर्वक नेतृत्व किया, जिसने चार दशकों के बाद भारत में 141वें आईओसी सत्र की मेजबानी का अधिकार मिला। यह आयोजन अक्टूबर 2023 में मुंबई में सफलतापूर्वक आयोजित हुआ। इससे 2036 में ओलंपिक खेलों की मेजबानी का अधिकार हासिल करने की भारतीय उम्मीदों को बल मिला है। नीता अंबानी को अवार्ड पर यूएसआईएसपीएफ के चेयरमैन जॉन चैंबर्स ने कहा: “जो लोग जीवन में सफल हुए हैं उनके लिए यह बहुत महत्वपूर्ण है कि वे दूसरों को सफल होने मदद करें। ऐसी ही एक शख्सियत हैं नीता एम. अंबानी, जो परोपकारिता का उदाहरण हैं और उन्होंने रिलायंस फाउंडेशन में कला, खेल, संस्कृति और शिक्षा के क्षेत्र में अनुकरणीय काम किया है।’
पश्चिम बंगाल में इस्पात कारखाना शुरू करेंगे सौरव गांगुली
कोलकाता, 16 सितंबर: भारतीय क्रिकेट टीम के पूर्व कप्तान सौरव गांगुली पश्चिम बंगाल के पश्चिम मेदिनीपुर जिले के शालबनी में जल्द ही एक इस्पात कारखाना शुरू करेंगे। गांगुली पश्चिम बंगाल की मुख्यमंत्री ममता बनर्जी के साथ स्पेन और दुबई की 12 दिवसीय यात्रा पर गए प्रतिनिधिमंडल का हिस्सा हैं। उन्होंने कहा, ‘‘हम बंगाल में तीसरे इस्पात संयंत्र का निर्माण शुरू कर रह रहे हैं और मैं इस मौके पर मुख्यमंत्री को धन्यवाद देना चाहता हूं। कई लोगों को लगता है कि मैं केवल खिलाड़ी रहा हूं, लेकिन हमने 2007 में एक छोटा इस्पात कारखाना शुरू किया था और पांच से छह महीने में हम मेदिनीपुर में हमारे नये इस्पात संयंत्र का निर्माण शुरू करेंगे।’’ गांगुली ने बृहस्पतिवार को मैड्रिड में ‘बंगाल ग्लोबल बिजनेस समिट (बीजीबीएस)’ को संबोधित करते हुए कहा कि अगले एक साल में वह इस अत्याधुनिक कारखाने का निर्माण पूरा कर लेंगे। उन्होंने कहा, ‘‘मैं आपको बताना चाहता हूं कि इस प्रक्रिया को पूरा होने में सिर्फ चार से पांच महीने लगे। मैं यह इसलिए नहीं कह रहा, क्योंकि मैं मुख्यमंत्री के साथ हूं, बल्कि यह मेरा अपना अनुभव है।’’ भारतीय क्रिकेट कंट्रोल बोर्ड (बीसीसीआई) के पूर्व अध्यक्ष ने 50-55 साल पहले अपने दादा द्वारा शुरू किए गए पारिवारिक व्यवसाय का जिक्र करते हुए बताया कि राज्य सरकार ने उस समय कितना सहयोग किया था। उन्होंने कहा, ‘‘इस राज्य ने शेष दुनिया को व्यापार के लिए हमेशा आमंत्रित किया है। यही कारण है कि मुख्यमंत्री आज इस देश में हैं। यह बिल्कुल साफ है कि सरकार राज्य और युवाओं के विकास के लिए काम करना चाहती है।’’
भरोसेमंद वृद्धि के लिए मुद्रास्फीति को काबू में रखना मेरी प्राथमिकताः सीतारमण
नई दिल्ली, 25 अगस्त : वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने शुक्रवार को कहा कि भरोसेमंद आर्थिक वृद्धि को सुनिश्चित करने के लिए मुद्रास्फीति को काबू में करना सरकार की प्राथमिकता है। सीतारमण ने यहां बी-20 शिखर सम्मेलन को संबोधित करते हुए कहा कि एक लंबी अवधि तक ब्याज दरों के ऊंचे स्तर पर रहने से आर्थिक गतिविधियों के पुनरुद्धार पर प्रतिकूल असर पड़ सकता है। उन्होंने कहा, ‘इन स्थितियों को ध्यान में रखते हुए मेरी प्राथमिकता मुद्रास्फीति को काबू में रखने की है।’ खुदरा मुद्रास्फीति जुलाई के महीने में बढ़कर 7.44 प्रतिशत हो गई जो पिछले 15 महीनों का उच्च स्तर है। इसमें टमाटर समेत मौसमी सब्जियों की कीमतों में हुई बढ़ोतरी की अहम भूमिका रही है। हालांकि वित्त मंत्री ने उम्मीद जताई कि भारत की आर्थिक वृद्धि दर अप्रैल-जून तिमाही में अच्छी रहनी चाहिए। इस तिमाही के आंकड़े 31 अगस्त को जारी होने वाले हैं। उन्होंने कहा, ‘भारत आर्थिक सुधारों की रफ्तार तेज करने में सफल रहा है। इसकी वजह से अप्रैल-जून तिमाही की वृद्धि दर का आंकड़ा अच्छा रहना चाहिए।’ सीतारमण ने कहा कि सार्वजनिक पूंजीगत व्यय बढ़ाने का बजट में ऐलान किए जाने के बाद निजी क्षेत्र के पूंजीगत व्यय के सकारात्मक संकेत भी नजर आने लगे हैं। उन्होंने विदेशी निवेश को आर्थिक वृद्धि के लिए अहम बताते हुए कहा कि सरकार ने निवेश आकर्षित करने के लिए कई सुधार किए हैं। इसके साथ ही उन्होंने जलवायु परिवर्तन से संबंधित गतिविधियों के लिए वित्तपोषण का भी उल्लेख किया।