पटना, 11 अगस्त: पहाड़ों और बिहार के मैदानी इलाकों में लगातार हो रही मूसलाधार बारिश की वजह से गंगा समेत बिहार की सभी प्रमुख नदियां खतरे के निशान से ऊपर बह रही हैं। इसकी वजह से गंगा किनारे बसे पटना, भागलपुर, मुंगेर, बेगूसराय, खगड़िया और कटिहार में बाढ़ की स्थित की नाजुक बनी हुई है। बिहार में बाढ़ से अब तक 19 लोगों की मौत हो गई। सबसे ज्यादा बेगूसराय में 08 लोगों की मौत हुई है। मृतकों में बेगूसराय के 8, भागलपुर, सीवान और भोजपुर, खगड़िया में दो-दो तथा मुंगेर, वैशाली व कटिहार के एक-एक शामिल हैं। राज्य में 10 लाख से ज्यादा लोग बाढ़ से प्रभावित हैं। स्थिति से निपटने के लिए एनडीआरएफ की 9वीं बटालियन की 14 टीमों को अलर्ट पर रखा गया है। दरभंगा, सुपौल, मोतिहारी और नालंदा में टीमें तैनात हैं। मौसम विभाग ने बिहार के 19 जिलों में यलो अलर्ट जारी करते हुए तेज बारिश, आंधी और बिजली गिरने की चेतावनी दी है। पिछले 24 घंटों में कटिहार में 140 मिमी, नालंदा में 70 मिमी और पटना में 57 मिमी बारिश दर्ज की गई है। आपदा प्रबंधन विभाग और एनडीआरएफ की 14 टीमें राहत-बचाव में जुटी हैं, लेकिन मौसम का रुख अगले 48 घंटे और मुश्किलें बढ़ा सकता है। रविवार देर रात पटना, सुपौल, बांका और लखीसराय में मध्यम बारिश रिकॉर्ड की गई, जबकि सोमवार सुबह से सीतामढ़ी, दरभंगा, मधुबनी, सुपौल, अररिया, किशनगंज, पूर्णिया और कटिहार में मूसलाधार बारिश हो रही है। कटिहार में पिछले 24 घंटों में 140 मिमी बारिश दर्ज हुई है, जबकि नालंदा में 70 मिमी, शेखपुरा और बांका में 65 मिमी और पटना में 57 मिमी बारिश रिकॉर्ड की गई। राजधानी पटना में सोमवार को दिनभर बादल छाए रहेंगे और हल्की से मध्यम बारिश होने की संभावना है. अधिकतम तापमान 32 सेंटीग्रेड और न्यूनतम 26 सेंटीग्रेड रहने का अनुमान है। हवा की रफ्तार 12-18 किमी प्रति घंटा और उमस बनी रहेगी। बारिश के बाद मौसम में हल्की ठंडक आ सकती है।
बिहार के उपमुख्यमंत्री विजय कुमार सिन्हा के पास दो ईपीआईसी कार्ड हैं: तेजस्वी
पटना, 10 अगस्त : राष्ट्रीय जनता दल (राजद) के नेता तेजस्वी यादव ने रविवार को आरोप लगाया कि बिहार के उपमुख्यमंत्री विजय कुमार सिन्हा के पास दो मतदाता पहचान पत्र हैं और उन्होंने पूछा कि सिन्हा के खिलाफ क्या कार्रवाई की गई। यादव ने पत्रकारों से कहा, ”विजय कुमार सिन्हा दो अलग-अलग जिलों के दो अलग-अलग विधानसभा क्षेत्रों से मतदाता हैं। उनका नाम उसी जिले के लखीसराय विधानसभा क्षेत्र और पटना जिले के बांकीपुर विधानसभा क्षेत्र की मतदाता सूची में भी दर्ज है।” यादव ने कहा, ”उनके पास दो अलग-अलग मतदाता फोटो पहचान पत्र (ईपीआईसी) कार्ड हैं। हैरानी की बात यह है कि यह बिहार निर्वाचन आयोग द्वारा विशेष गहन पुनरीक्षण (एसआईआर) के बाद हुआ है। इसके लिए किसे जिम्मेदार ठहराया जाना चाहिए, सिन्हा को या निर्वाचन आयोग को? सिन्हा के खिलाफ क्या कार्रवाई की जा रही है? इस खुलासे के बाद वह (सिन्हा) अपने पद से कब इस्तीफा देंगे?” बिहार विधानसभा में विपक्ष के नेता ने कहा कि लखीसराय विधानसभा क्षेत्र में सिन्हा का ईपीआईसी आईडी नंबर आईएएफ3939337 है और पटना जिले के बांकीपुर विधानसभा क्षेत्र में उनका आईडी नंबर एएफएस0853341 है। उन्होंने आरोप लगाया, ”सिन्हा की उम्र एक सूची में 57 साल और दूसरी में 60 साल है। क्या यह धोखाधड़ी और उम्र घोटाला नहीं है? उन्होंने दो अलग-अलग विधानसभा क्षेत्रों में दो अलग-अलग फॉर्म भरे होंगे। उन्होंने जानबूझकर दो अलग-अलग जगहों पर दो वोट दर्ज करवाए। अगर उन्होंने खुद दोनों फॉर्म पर हस्ताक्षर नहीं किए, तो क्या निर्वाचन आयोग ने जाली हस्ताक्षरों के आधार पर दो अलग-अलग विधानसभा क्षेत्रों में उनके लिए दो अलग-अलग वोट बनाए? क्या उन्हें दो अलग-अलग नोटिस मिलेंगे, या ये नियम सिर्फ विपक्षी दलों के नेताओं के लिए हैं?” निर्वाचन आयोग ने यादव पर दो ईपीआईसी रखने का आरोप लगाते हुए उनसे जवाब मांगा है, जिस पर टिप्पणी करते हुए राजद नेता ने कहा, ”मैंने निर्वाचन आयोग को जवाब दे दिया है… मुझे इसके लिए स्पष्टीकरण देने की क्या जरूरत है?” उन्होंने निर्वाचन आयोग पर अपने ही अधिकारियों की गलती का ठीकरा उन पर फोड़ने का आरोप लगाया। हाल में निर्वाचन आयोग ने यादव से दो मतदाता पहचान पत्र संख्या (ईपीआईसी) रखने के आरोपों का उनसे जवाब देने को कहा था। उन्होंने कहा, ”अगर मुझे दो ईपीआईसी नंबर जारी किए गए तो यह किसकी चूक है? गलती खुद करें और स्पष्टीकरण मुझसे मांगेंगे।” कांग्रेस की बिहार इकाई के प्रमुख राजेश कुमार ने शनिवार को सोशल मीडिया मंच ‘एक्स’ पर एक पोस्ट में मसौदा मतदाता सूची के ‘स्क्रीनशॉट’ साझा किए, जिसमें उपमुख्यमंत्री को उनकी विधानसभा सीट लखीसराय और राजधानी के बांकीपुर में मतदाता के रूप में दिखाया गया है। ‘वेब वार्ता’ कुमार द्वारा साझा किए गए ‘स्क्रीनशॉट’ की प्रामाणिकता की स्वतंत्र रूप से पुष्टि नहीं कर सकी। कुमार ने पूछा, ”क्या सिन्हा ने दो जगहों से वोट डाला था? उन्होंने एक से ज्यादा जगहों से अपना गणना फॉर्म कैसे दाखिल किया? क्या इस धोखाधड़ी के लिए उनके खिलाफ प्राथमिकी होगी?”
नीतीश कुमार के बेटे निशांत पटना में जनसभा करेंगे
पटना, 10 अगस्त : बिहार के मुख्यमंत्री नीतीश कुमार के बेटे निशांत कुमार रविवार शाम को एक सार्वजनिक सभा को संबोधित करेंगे, जिसके साथ ही उनके राजनीति में प्रवेश करने की अटकलें मजबूत हो गई हैं। रविवार शाम को होने वाले ‘निशांत संवाद’ की घोषणा करते पोस्टर नीतीश की अगुवाई वाली पार्टी जद (यू) के कार्यालय के आसपास देखे गए। पोस्टर के अनुसार, निशांत कुमार ”मुख्यमंत्री नीतीश कुमार द्वारा शुरू की गई जन कल्याणकारी योजनाओं पर अपने विचार साझा करेंगे।” इस साल होली के आसपास निशांत के पार्टी में आने की अटकलें तेज हो गई थीं, जब वह अपने पिता की उपलब्धियों का जिक्र करके जनता से उन्हें फिर से सत्ता में लाने के लिए वोट देने का आग्रह कर रहे थे। शहर में जगह-जगह लगे पोस्टर में निशांत को जद(यू) की ”नई उम्मीद” बताया गया और मीडिया के एक वर्ग में आई खबरों में कहा गया था कि आगामी विधानसभा चुनावों में उन्हें हरनौत से चुनाव लड़ाने की योजना बनाई जा रही है, जिस सीट का प्रतिनिधित्व कई दशक पहले उनके पिता ने किया था।
बिहार: पटना और अन्य जिलों में खतरे के निशान से ऊपर बह रही है गंगा
पटना, 09 अगस्त : लगातार बारिश और कई नदियों के बढ़ते जलस्तर के कारण शनिवार को राज्य के कई निचले इलाकों में बाढ़ जैसी स्थिति उत्पन्न हो गई। अधिकारियों ने यह जानकारी दी। अधिकारियों ने बताया कि पटना, वैशाली, मुजफ्फरपुर, भागलपुर, भोजपुर, खगड़िया, पूर्णिया, मधेपुरा, सहरसा और कटिहार जिलों के कई निचले इलाकों में बाढ़ जैसी स्थिति देखी गई। जल संसाधन विभाग के ताजा बुलेटिन के अनुसार, ”गंगा नदी मनेर, दानापुर, दीघा घाट, गांधी घाट, बांका घाट और हथीदह जैसे स्थानों पर (शनिवार सुबह नौ बजे तक) खतरे के निशान से ऊपर बह रही है। पिछले दो-तीन दिन से लगातार बारिश के बाद राज्यभर की अन्य नदियों का जलस्तर भी बढ़ गया है।” अधिकारियों ने बताया कि शुक्रवार को पटना जिले में 89,000 से अधिक लोगों को निचले इलाकों से निकालकर राहत शिविरों में पहुंचाया गया, जबकि भोजपुर जिले में 21,700 लोगों को निकालकर राहत शिविरों में पहुंचाया गया है। आपदा प्रबंधन विभाग के बुलेटिन में कहा गया है, ”पटना, भोजपुर, वैशाली, लखीसराय और भागलपुर सहित गंगा के किनारे बसे जिलों में बाढ़ जैसी स्थिति है और मूसलाधार बारिश के बाद गंगा और कोसी नदी का जलस्तर बढ़ते से निचले इलाकों में रहने वाले लोग प्रभावित हुए हैं।” इसने कहा, ”भोजपुर जिले की 11 पंचायतों के 21,700 प्रभावित लोगों को निकालकर राहत शिविरों में पहुंचाया गया है, जबकि पटना में शुक्रवार को 89,250 लोगों को शिविरों में पहुंचाया गया।” आपदा प्रबंधन विभाग ने संबंधित जिलों के प्रशासन को अलर्ट रहने और एहतियाती कदम उठाने को कहा है। पिछले कुछ दिनों में हुई बारिश के कारण राज्य में गंगा, गंडक, कोसी, बूढ़ी गंडक, महानंदा और कमला नदियों का जलस्तर बढ़ गया है।
500 में सिलेंडर, मुफ्त बिजली: राखी पर तेजस्वी यादव का बड़ा ऐलान; महिलाओं को लिखा खुला पत्र
पटना, 09 अगस्त: रक्षाबंधन के मौके पर राजद नेता तेजस्वी यादव ने बिहार की महिलाओं के नाम भावनात्मक पत्र लिखा है। इसमें उन्होंने नीतीश सरकार में हुए कथित भ्रष्टाचार के 70 हजार करोड़ वापस लौटाने और महिलाओं के लिए कई कल्याणकारी योजनाओं का वादा किया। तेजस्वी ने यह पत्र सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स और फेसबुक पर साझा किया है। तेजस्वी यादव ने पत्र में बताया कि महागठबंधन की सरकार बनी, तो महिलाओं के लिए ‘माई-बहन योजना’ के तहत हर माह ₹2500 भत्ता, 500 रुपये में गैस सिलेंडर, 200 यूनिट मुफ्त बिजली, बेटियों की पढ़ाई-खेल और रोजगार के लिए विशेष प्रोग्राम शुरू किए जाएंगे। रक्षाबंधन पर तेजस्वी यादव ने क्या किए वादे? तेजस्वी यादव ने बिहार की सभी महिलाओं से अपील की है कि इस रक्षाबंधन एक राखी ‘तेजस्वी भैया’ के नाम की भी बांधें और चुनाव में राजद को वोट दें। ताकि, पिछले 20 साल में सरकार में बैठे लोगों ने जो भ्रष्टाचार किया है, उसे वापस लाया जा सके। तेजस्वी ने नीतीश सरकार पर भ्रष्टाचार और घोटालों के आरोप लगाते हुए कहा, सत्ता में आते ही हम लोग 70 हजार करोड़ की कथित लूट वापस लाकर महिलाओं को ‘रक्षाबंधन शगुन’ के रूप में बांटेंगे। तेजस्वी यादव ने दावा किया कि उनकी सरकार आने पर हर घर में रोजगार, बेटियों को मुफ्त कोचिंग, मुफ्त परीक्षा फॉर्म और परीक्षा केंद्र तक मुफ्त यात्रा की सुविधा उपलब्ध कराई जाएगी। तेजस्वी यादव ने पत्र में यह भी लिखा कि बिहार को 20 वर्षों से नकारात्मक राजनीति का शिकार बनाया गया है, लेकिन अब बदलाव का समय आ गया है।
बिहार के हर प्रखंड में ‘नेतरहाट’ जैसा विद्यालय बनाएगा जनसुराज: प्रशांत
छपरा, 04 अगस्त : जनसुराज पार्टी के सूत्रधार प्रशांत किशोर ने आज कहा कि उनकी पार्टी बिहार में बीमारु शिक्षा व्यवस्था को सुधारने के किये कृत संकल्प है और इसके लिए राज्य के प्रत्येक प्रखंड में एक विद्यालय को झारखंड स्थित ‘नेतरहाट’ की तर्ज पर विकसित किया जाएगा। श्री किशोर ने बिहार में सारण जिले के मढ़ौरा क्षेत्र में सोमवार को लोगो को संबोधित करते हुए कहा कि राज्य के शिक्षा बजट का एक तिहाई ऐसे विद्यालयों के विकास में खर्च किया जाएगा। उन्होंने कहा कि शुरुआत में राज्य के प्रत्येक प्रखंड में ‘नेतरहाट’ के जैसा एक विद्यालय विकसित किया जाएगा और इसके बाद प्रत्येक प्रखंड में ऐसे पांच विद्यालय खोलने का लक्ष्य रखा गया है। श्री किशोर ने कहा कि इस मॉडल विद्यालय विकास योजना पर लगभग एक लाख करोड़ रुपये खर्च किये जायेंगे। इस योजना को पांच वर्षों के अंतराल में अलग अलग चरणों मे पूरा किया जाएगा। उन्होंने कहा कि नेतरहाट विद्यालय आजकल झारखंड में है, लेकिन उसे कभी बिहार सरकार ने बनवाया था। उस समय बिहार और झारखंड एक ही राज्य का हिस्सा थे।इस विद्यालय से अब तक 1500 से ज्यादा बच्चे भारतीय प्रशासनिक और पुलिस सेवा में चुने जा चुके हैं। जनसुराज हर प्रखंड में ऐसे विद्यालय खोल कर बिहार की शिक्षा व्यवस्था को बदलने की कोशिश करेगा। उन्होंने कहा कि पहले साल ही हर प्रखंड में एक बढ़िया स्कूल के विकास से प्रतिभावान बच्चों को अच्छी शिक्षा के लिए दूर दराज के क्षेत्रों में नही जाना पडेगा।
ईआरओ ने तेजस्वी के मतदाता सूची में ‘नाम नहीं होने’ के दावे पर दिया जवाब, ईपिक नंबर जारी
पटना, 03 अगस्त: बिहार विधानसभा में नेता प्रतिपक्ष तेजस्वी यादव ने दावा किया कि विशेष गहन पुनरीक्षण मतदाता सूची से उनका नाम गायब है। तेजस्वी यादव के दावे पर इलेक्टोरल रजिस्ट्रेशन ऑफिसर (ईआरओ) ने रविवार को जवाब दिया। उन्होंने ईपिक नंबर भी जारी किया। उन्होंने बताया कि तेजस्वी का नाम 181-दीघा विधानसभा निर्वाचन क्षेत्र के मतदान केंद्र संख्या 204 की मतदाता सूची में क्रम संख्या 416 पर दर्ज है। ईआरओ (पटना सदर) ने रविवार को सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर एक पत्र जारी किया। तेजस्वी के दावे का जवाब देते हुए इसमें बताया गया कि हमें सूचित करना है कि 2 अगस्त 2025 को आयोजित प्रेस कॉन्फ्रेंस में आपके (तेजस्वी यादव) द्वारा आपका नाम प्रारूप मतदाता सूची में अंकित नहीं होने की बात बताई गई। जांच में यह पाया गया कि उनका नाम मतदान केंद्र संख्या 204 (बिहार पशु विज्ञान विश्वविद्यालय का पुस्तकालय भवन) के क्रम संख्या 416 पर दर्ज है, जिसका ईपिक नंबर आरएबी0456228 है। इसमें आगे कहा गया कि तेजस्वी के अनुसार उनका ईपिक संख्या आरएबी2916120 प्राथमिक जांच के अनुसार ईपिक संख्या आरएबी2916120 आधिकारिक रूप से निर्गत प्रतीत नहीं होता है। कार्यालय ने तेजस्वी से अनुरोध किया है कि वे ईपिक कार्ड की मूल प्रति सहित विवरण उपलब्ध कराएं, ताकि इसकी गहन जांच की जा सके। यह पत्र ईआरओ, 181-दीघा विधानसभा निर्वाचन क्षेत्र-सह-अनुमंडल पदाधिकारी, पटना सदर द्वारा जारी किया गया है। इस मामले में तेजस्वी यादव की ओर से अभी कोई आधिकारिक प्रतिक्रिया नहीं आई है। बता दें कि राजद नेता तेजस्वी यादव ने शनिवार को एक प्रेस कॉन्फ्रेंस में दावा किया था कि उनका वोटर लिस्ट से नाम गायब है, अब वे किस तरह से चुनाव लड़ पाएंगे? हालांकि, तेजस्वी यादव के इस दावे के बाद पटना जिला प्रशासन ने बाकायदा मतदाता सूची का वह प्रारूप भी जारी किया था, जिसमें तेजस्वी की फोटो के साथ उनका नाम, उम्र, पिता का नाम, और मकान संख्या दर्ज है।
क्यों काटे वोटर लिस्ट से नाम, स्पष्ट करे चुनाव आयोग : तेजस्वी यादव
पटना, 03 अगस्त : बिहार में चुनाव आयोग की ओर से जारी किए गए मतदाता सूची के मसौदे (ड्राफ्ट) पर राजद नेता तेजस्वी यादव ने एक बार फिर सवाल उठाए हैं। तेजस्वी ने कहा कि जिन लोगों का निधन हो चुका है या फिर जो दूसरे निर्वाचन क्षेत्र में चले गए हैं, चुनाव आयोग को स्पष्ट करना चाहिए कि उनके नाम क्यों हटाए गए। राजद नेता तेजस्वी यादव ने रविवार को मीडिया से बात करते हुए कहा, “कल हमने चुनाव आयोग से कई सवाल पूछे थे। चुनाव आयोग ने उन लोगों के नाम क्यों छिपाए हैं जिनके बूथवार ईपीआईसी (इलेक्टर्स फोटो आइडेंटिटी कार्ड) नंबर दर्ज हैं या जिनका निधन हो चुका है, जो स्थानांतरित हो गए हैं, या जो दूसरे विधानसभा क्षेत्र में चले गए हैं? उनके बारे में जानकारी क्यों छुपाई गई है? चुनाव आयोग को यह स्पष्ट करना चाहिए कि इन नामों को क्यों हटाया गया।” तेजस्वी ने मतदाता सूची संशोधन और निवास प्रमाण पत्र की प्रक्रिया की गंभीरता पर भी सवाल उठाए। उन्होंने कहा, “जब बिहार में ‘डॉग बाबू’ और ‘मोनालिसा’ के नाम पर निवास प्रमाण पत्र बनाए गए, तो यह दिखाता है कि यह पुनरीक्षण कितना ‘गहन’ था। कई आईएएस अधिकारियों और कई अन्य लोगों के नाम भी काटे गए हैं। हम चाहते हैं कि आयोग श्रेणी-वार डेटा जारी करे ताकि सच्चाई सामने आए।” बिहार विधानसभा में नेता प्रतिपक्ष तेजस्वी यादव ने शनिवार को सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर एक पोस्ट शेयर कर चुनाव आयोग से कई सवाल किए थे। उन्होंने लिखा, “चुनाव आयोग ने जिन 65 लाख मतदाताओं के नाम विलोपित किए हैं, उससे संबंधित हमारे कुछ वाजिब एवं तार्किक सवाल हैं। क्या आयोग इसका जवाब देगा?” उन्होंने आयोग से पूछा था कि 65 लाख मतदाताओं को मृत, स्थानांतरित या अनुपस्थित घोषित करने का आधार क्या है? मृतक मतदाताओं के परिजनों से कौन सा दस्तावेज लिया जिसके आधार पर उनकी मौत की पुष्टि हुई? जिन 36 लाख मतदाताओं को चुनाव आयोग स्थानांतरित बता रहा है या अस्थायी रूप से पलायित बता रहा है, उसका क्या आधार है? ईसी स्पष्ट करें। अगर अस्थायी पलायन से 36 लाख गरीब मतदाताओं का नाम कटेगा तो फिर यह आंकड़ा भारत सरकार के अपने आंकड़ों के अनुसार, बिहार से प्रति वर्ष बाहर जाने वाले तीन करोड़ पंजीकृत श्रमिकों से भी अधिक होना चाहिए।
नीतीश ने आपदा प्रबंधन विभाग का किया निरीक्षण, अधिकारियों को दिये आवश्यक निर्देश
पटना, 03 अगस्त : बिहार में मौसम ने पूरी तरह से करवट बदल ली है और कई जिलों में लगातार बारिश हो रही है। नेपाल तथा बिहार के आसपार के राज्यों में हो रही बारिश की वजह से यहां कई नदियां उफान पर हैं और कई जिलों में लोगों को मुश्किलों का भी सामना करना पड़ रहा है। इस बीच मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने अधिकारियों से कहा है कि वो सतर्क रहें। सीएम नीतीश कुमार ने रविवार को आपदा प्रबंधन विभाग तथा राज्य आपातकालीन संचालन केन्द्र का निरीक्षण किया। निरीक्षण के दौरान मुख्यमंत्री ने राज्य में वर्षापात की स्थिति, नदियों के जलस्तर तथा फसल आच्छादन की स्थिति का जायजा लिया। विकास आयुक्त सह आपदा प्रबंधन विभाग के अपर मुख्य सचिव प्रत्यय अमृत ने राज्य में वर्षापात की स्थिति की जानकारी देते हुए बताया कि राज्य में वर्ष 2025 में 01 जून से 03 अगस्त तक 409 मिमी बारिश दर्ज की गई है। यह सामान्य वर्षापात से 22% कम है। इसी अवधि में विगत वर्ष 421 मिमी बारिश हुई थी तथा यह सामान्य वर्षापात से 20% कम था। अपर मुख्य सचिव ने बताया कि पिछले 24 घंटों में राज्य में अच्छी बारिश हुई है। राज्य के 222 प्रखंडों में 25 मिमी अथवा इससे अधिक बारिश दर्ज की गई है। गंगा, कोसी तथा बूढ़ी गंडक नदियों में जलस्तर बढ़ा है, पानी का स्तर खतरे के निशान के आसपास है। लेकिन, स्थिति अभी नियंत्रण में है। फसल आच्छादन की स्थिति की जानकारी देते हुए उन्होंने बताया कि राज्य में धान की फसल का आच्छादन प्रतिशत 3 अगस्त तक 79.43% है, गत वर्ष इस समय तक यह प्रतिशत 67.38 था। सामान्यतः 15 अगस्त तक शत प्रतिशत आच्छादन हो जाएगा। मुख्यमंत्री द्वारा सभी संबंधित अधिकारियों को सतर्क रहने का निदेश दिया गया।
105 किमी की कांवड़ यात्रा पूरी कर देवघर पहुंचे मनोज तिवारी, बाबा बैद्यनाथ को किया जलाभिषेक
देवघर, 03 अगस्त: भारतीय जनता पार्टी के सांसद मनोज तिवारी ने अपनी 105 किलोमीटर की कांवड़ यात्रा पूरी करके झारखंड के देवघर में बाबा बैद्यनाथ को जलाभिषेक किया है। मनोज तिवारी ने 31 जुलाई को अपनी कांवड़ यात्रा शुरू की थी, जो 3 अगस्त को पूरी हुई। सांसद मनोज तिवारी ने बिहार के सुल्तानगंज से कांवड़ उठाई। वह 30 साल बाद कांवड़ यात्रा पर निकले। उन्होंने सुल्तानगंज से बाबा बैद्यनाथ धाम के लिए नंगे पांव 105 किलोमीटर की यात्रा की। उनके साथ बड़ी संख्या में लोग कांवड़ यात्रा पर निकले थे। उनकी इस यात्रा में झारखंड के गोड़ा से सांसद निशिकांत दुबे भी शामिल हुए। जलाभिषेक के दौरान भी भाजपा के सांसद निशिकांत दुबे अपने परिवार के साथ शामिल हुए। भाजपा सांसद निशिकांत दुबे ने फेसबुक पर तस्वीरें साझा करते हुए लिखा, “सांसद मनोज तिवारी ने सुलतानगंज से देवघर 105 किलोमीटर की कांवड़ यात्रा कर बाबा बैद्यनाथ को जलाभिषेक किया। मैं सपरिवार उनके साथ गोडियारी नदी से देवघर मंदिर पहुंचा।” मनोज तिवारी ने अपनी कांवड़ यात्रा के बीच फेसबुक पर एक पोस्ट में लिखा था, “एक बड़ी तपस्या है अजगैबीनाथ धाम, सुल्तानगंज से देवघर तक पैदल जल लेकर जाना। जो नहीं चला है इस तपस्या में, वह नहीं समझ सकता कि कितना कठिन तप है, इस मुस्कान और जोश के बीच।” यात्रा शुरू करने से पहले उन्होंने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म ‘एक्स’ पर लिखा था, “हर-हर महादेव के जयघोष के साथ आस्था, श्रद्धा और आत्मिक शांति की इस यात्रा पर निकला हूं। भोले बाबा बिहार समेत दिल्ली का, हमारा-आपका, सभी सनातनियों व शिव में विश्वास करने वाले हर प्राणी का कल्याण करें।”