नई दिल्ली: राजधानी दिल्ली में प्रदूषण पर सख्ती के बीच बड़ा एक्शन लिया गया है। Delhi Pollution Control Committee (DPCC) ने बिना अनुमति संचालित हो रही 93 औद्योगिक इकाइयों को बंद करने के नोटिस जारी किए हैं।
क्या है पूरा मामला?
DPCC की जांच टीमों ने उत्तर-पश्चिम दिल्ली के हैदरपुर री-डेवलपमेंट एरिया में निरीक्षण किया, जहां ये औद्योगिक इकाइयाँ बिना जरूरी अनुमति और पर्यावरण मंजूरी के चलती पाई गईं।
- ये यूनिट्स प्रदूषण नियंत्रण नियमों का उल्लंघन कर रही थीं
- कई इकाइयों के पास संचालन की वैध अनुमति (Consent) नहीं थी
- कुछ उद्योग उत्सर्जन मानकों का पालन नहीं कर रहे थे
सरकार का कड़ा रुख
दिल्ली सरकार ने साफ कर दिया है कि प्रदूषण फैलाने वाली इकाइयों के खिलाफ “जीरो टॉलरेंस” नीति अपनाई जाएगी।
पर्यावरण मंत्री Manjinder Singh Sirsa ने कहा कि:
- नियम तोड़ने वाली इकाइयों को सील किया जा सकता है
- बिना अनुमति चलने वाले उद्योगों पर तुरंत सख्त कार्रवाई होगी
लगातार चल रही है निगरानी
DPCC की टीमें अब 24 घंटे निगरानी कर रही हैं ताकि:
- अवैध रूप से चल रही फैक्ट्रियों की पहचान हो सके
- प्रदूषण के स्रोतों को तुरंत रोका जा सके
- राजधानी की खराब होती हवा को नियंत्रित किया जा सके।
क्यों अहम है यह कार्रवाई?
दिल्ली लंबे समय से वायु प्रदूषण की गंभीर समस्या से जूझ रही है। ऐसे में:
- बिना अनुमति चल रही फैक्ट्रियाँ प्रदूषण बढ़ाने का बड़ा कारण हैं
- इस कार्रवाई से प्रदूषण नियंत्रण में मदद मिलने की उम्मीद है
- सरकार अब स्रोत स्तर पर प्रदूषण रोकने पर फोकस कर रही है
