नई दिल्ली: दक्षिण-पश्चिम दिल्ली के पालम इलाके स्थित साध नगर में बुधवार को एक दर्दनाक हादसा सामने आया, जब एक चार मंजिला इमारत में लगी भीषण आग ने 11 लोगों की जान ले ली। मृतकों में तीन मासूम बच्चे भी शामिल हैं। हादसे में घायल तीन बच्चों का अस्पताल में इलाज जारी है।
प्रारंभिक जानकारी के अनुसार, आग लगने के बाद इमारत के भीतर एक ही परिवार के सभी सदस्य फंस गए थे। आग इतनी तेजी से फैली कि लोगों को बाहर निकलने का मौका तक नहीं मिला। घटना की सूचना मिलते ही दमकल विभाग, दिल्ली पुलिस और एंबुलेंस की कई गाड़ियां मौके पर पहुंचीं और तुरंत राहत एवं बचाव कार्य शुरू किया गया।
बताया जा रहा है कि इमारत के निचले तल पर कॉस्मेटिक और कपड़ों की दुकानें संचालित की जा रही थीं, जबकि ऊपर की मंजिलों पर परिवार रहता था। आशंका है कि नीचे के हिस्से में शॉर्ट सर्किट के कारण आग लगी, जो तेजी से ऊपरी मंजिलों तक फैल गई और पूरा भवन धुएं से भर गया।
दमकल कर्मियों ने काफी मशक्कत के बाद आग पर काबू पाया और अंदर फंसे लोगों को बाहर निकालने का प्रयास किया, लेकिन तब तक बहुत देर हो चुकी थी। संकरी और भीड़भाड़ वाली गलियों के कारण राहत कार्य में भी बाधाएं आईं। मौके पर तीन एंबुलेंस तैनात थीं, जबकि अन्य एंबुलेंस को दूरी पर खड़ा करना पड़ा।
घायलों में तीन बच्चों को पालम स्थित एक निजी अस्पताल में भर्ती कराया गया है, जहां उनकी हालत पर नजर रखी जा रही है।
मृतकों में 35 वर्षीय प्रवेश, 40 वर्षीय कमल, 32 वर्षीय आशु सहित कई महिलाएं और बच्चे शामिल हैं। एक महिला को अस्पताल लाने से पहले ही मृत घोषित कर दिया गया था। कुल मिलाकर इस हादसे में 11 लोगों की मौत की पुष्टि हुई है।
फिलहाल पुलिस और दमकल विभाग ने मामले की जांच शुरू कर दी है। अधिकारियों का कहना है कि आग लगने के सटीक कारणों का पता विस्तृत जांच के बाद ही चल सकेगा।
यह हादसा राजधानी में अग्नि सुरक्षा व्यवस्था पर एक बार फिर गंभीर सवाल खड़े करता है।
